विनंति

🙏🌹🙏

दादा तारा नामनो *चमकारो* हतो
भीड पडी भगतो ने, तो तुझ *रखवालो* हतो।

पल पल जीव मिलन नो *तृष्णारो*  हतो
सांस मारी हती पण *धबकारो* तारो
हतो।

दुनिया मा तारा नाम नो *झणकारो* हतो।
हु नथी समझी ऐज तो मारो *अणझारो* हतो।

ज्यारे आपणा मिलन नो *रणकारो* हतो
ऐज तो *संगी* तारा जीवण नो अमूल्य  *नजराणो* हतो।

🙏🌹 *जय हो नाकोड़ा भैरव देव की*🌹🙏

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